ब्राह्मण समाज की स्थापना वर्ष 1978 में कुछ समाजसेवी परिवारों द्वारा की गई थी, जिसका उद्देश्य शहर व आसपास बसे ब्राह्मण बंधुओं को एक सूत्र में जोड़ना था। समय के साथ समाज ने शिक्षा, विवाह-परिचय, सामाजिक कल्याण और धार्मिक आयोजनों के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
आज समाज से 4,200 से अधिक परिवार पंजीकृत हैं तथा 36 शाखाएं विभिन्न नगरों में सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं। यह एप्लिकेशन उसी समाज को डिजिटल रूप से जोड़ने का एक प्रयास है।
प्रतिभाशाली किन्तु आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों हेतु छात्रवृत्ति।
समाज बंधुओं के बीच संपर्क, सहयोग व सद्भावना का विस्तार।
वैदिक परंपरा, पर्व व रीति-रिवाजों का संरक्षण एवं संवर्धन।
सदस्य निर्देशिका में गोत्र, शाखा व शहर अनुसार खोजें।